
स्पेन के पूर्व प्रधानमंत्री ज़पातेरो पर भ्रष्टाचार मामले में ऐतिहासिक सुनवाई, न्यायाधीश ने आपराधिक संकेत बरकरार रखे
ज़पातेरो पहले पूर्व प्रधानमंत्री बने जिन्होंने अदालत में गवाही दी; न्यायाधीश ने पासपोर्ट जब्त करने से इनकार किया लेकिन आपराधिकता के संकेत बने रहे।
स्पेन के लोकतांत्रिक इतिहास में पहली बार कोई पूर्व प्रधानमंत्री भ्रष्टाचार के आरोपों में औपचारिक रूप से जांच के दायरे में आया और उसने अदालत में गवाही दी। जोसे लुइस रोद्रिगेथ ज़पातेरो, जो 2004 से 2011 तक स्पेन की सरकार के मुखिया रहे, बुधवार को मैड्रिड की राष्ट्रीय अदालत के समक्ष पेश हुए। उन पर प्लस अल्ट्रा एयरलाइन को सरकारी राहत दिलाने के लिए प्रभाव का दुरुपयोग करने, संगठित अपराध, धनशोधन और दस्तावेजों की जालसाजी जैसे गंभीर आरोप हैं। इसके अतिरिक्त, उनके कार्यालय की तिजोरी से हीरे-जवाहरात का एक संग्रह बरामद हुआ, जिसकी प्रारंभिक कीमत 13 लाख यूरो से अधिक आंकी गई है और जिसके लिए कर चोरी व तस्करी की जांच अलग से चल रही है। ज़पातेरो ने अदालत में किसी भी अनियमितता से इनकार किया और बाद में जारी बयान में नागरिकों से 'भरोसा' रखने की अपील करते हुए अपनी 'ईमानदारी' पर जोर दिया, हालांकि उन्होंने आभूषणों का कोई जिक्र नहीं किया।
न्यायाधीश जोसे लुइस कालामा ने सुनवाई के बाद स्पष्ट किया कि ज़पातेरो का बयान उनके खिलाफ मौजूद 'आपराधिकता के तर्कसंगत संकेतों' को खारिज करने में विफल रहा है। फिर भी, अदालत ने भ्रष्टाचार निरोधक अभियोजन और विपक्षी पार्टी की ओर से मांगी गई पासपोर्ट जब्ती या हर पखवाड़े उपस्थिति दर्ज कराने जैसी सावधानीपूर्वक कार्रवाइयों को ठुकरा दिया। कालामा ने तर्क दिया कि ज़पातेरो की सार्वजनिक पहचान, स्पेन में गहरी जड़ें और भागने के किसी इरादे का अभाव फरार होने की वास्तविक आशंका को समाप्त कर देता है। इस निर्णय ने एक ओर जांच को आगे बढ़ने का रास्ता खुला रखा, वहीं दूसरी ओर पूर्व नेता को तत्काल प्रतिबंधों से बचा लिया।
राजनीतिक प्रतिक्रिया तीखी रही। विपक्षी पीपुल्स पार्टी के नेता अल्बेर्तो नुनेथ फेइजो ने ज़पातेरो की पेशी को प्रधानमंत्री पेद्रो सांचेथ के कार्यकाल की 'भयावह सप्ताह' का चरम बताया और इसे सत्तारूढ़ सोशलिस्ट पार्टी के भीतर व्याप्त 'भ्रष्टाचार के जंगल' से जोड़ा। फेइजो ने ज़पातेरो पर 'तानाशाही को सफेद करने' का आरोप लगाते हुए कहा कि यह मामला सांचेथ परिवार से जुड़े अन्य घोटालों के साथ मिलकर सरकार के 'युगांत' को प्रमाणित करता है। दूसरी ओर, ज़पातेरो ने अपने बयान में राजनीतिक हमलों का सीधा उत्तर देने के बजाय न्यायिक प्रक्रिया में विश्वास जताने का प्रयास किया, लेकिन आभूषणों पर चुप्पी ने विपक्ष को और हथियार दे दिए।
यूरोपीय मीडिया ने इस घटनाक्रम को स्पेन की संस्थागत मजबूती और कमजोरी दोनों रूपों में देखा। जर्मनी के फ्रैंकफुर्टर आलगेमाइने ने लिखा कि लोकतंत्र में पहली बार कोई पूर्व शासन प्रमुख आपराधिक प्रक्रिया में गवाह बना, और पार्टी मुख्यालय की तिजोरी में हीरों का हार मिलना स्पेनिश समाजवादियों के लिए गहरी शर्मिंदगी का कारण है। इतालवी एजीआई ने न्यायाधीश के इस निष्कर्ष को रेखांकित किया कि ज़पातेरो आरोपों को नकार नहीं पाए, लेकिन सावधानी उपायों से इनकार ने कानूनी संतुलन का संकेत दिया। लैटिन अमेरिकी प्रकाशनों—मेक्सिको के एक्सेलसियर, कोलंबिया के एल एस्पेक्टादोर और अर्जेंटीना की नोतिसियास अर्जेंतिनास—ने इस मामले को 'ऐतिहासिक' करार देते हुए ज़पातेरो के मुस्कुराते हुए अदालत पहुंचने और आभूषणों की भारी कीमत पर पाठकों का ध्यान खींचा।
आगे की राह कानूनी और राजनीतिक अनिश्चितताओं से भरी है। ज़पातेरो के खिलाफ आपराधिक संकेत बने रहने से जांच का दायरा बढ़ सकता है, और आभूषण प्रकरण में कर व तस्करी के आरोप अलग से सामने आएंगे। सांचेथ सरकार पहले से ही अपने परिवार और पार्टी पर लगे भ्रष्टाचार के आरोपों से घिरी है; ऐसे में पूर्व प्रधानमंत्री का कठघरे में खड़ा होना सत्तारूढ़ दल की विश्वसनीयता के लिए गहरी चुनौती बन गया है। यूरोपीय संघ के भीतर स्पेन की छवि और दक्षिण एशिया जैसे क्षेत्रों में उसके निवेशक संबंधों पर इस प्रकरण की छाया पड़ सकती है, क्योंकि भ्रष्टाचार के मामले अक्सर द्विपक्षीय आर्थिक विश्वास को प्रभावित करते हैं। फिलहाल स्पेन की जनता और अंतरराष्ट्रीय पर्यवेक्षक इस बात पर निगाह लगाए हैं कि क्या यह ऐतिहासिक सुनवाई महज एक प्रक्रियात्मक पड़ाव साबित होगी या स्पेनिश राजनीति में एक बड़े भूकंप का अग्रदूत।
वही कहानी कहीं और कैसे बताई जाती है।
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पूर्व प्रधानमंत्री ने खुद को निर्दोष बताया लेकिन अपनी तिजोरी से मिले 1.3 मिलियन यूरो के गहनों पर चुप्पी साध ली। न्यायाधीश ने कहा कि वे आपराधिक संकेतों को दूर नहीं कर सके, और अभियोजन ने पासपोर्ट जब्त करने और हर पखवाड़े अदालत में पेश होने की मांग की। यह मामला स्पेनिश वामपंथ पर भारी छाया डालता है, जो पहले से अन्य घोटालों से हिला हुआ है।
स्पेन के पूर्व प्रधानमंत्री के खिलाफ अभूतपूर्व भ्रष्टाचार जांच सांचेज़ की पहले से कमजोर वामपंथी सरकार के लिए खतरा है, जो परिवार और सहयोगियों से जुड़े घोटालों से घिरी है। ट्रम्प से टकराव और इज़राइल की आलोचना के लिए वैश्विक प्रगतिशील सितारा बने ज़ापाटेरो की प्रतिष्ठा अब प्रभाव व्यापार के आरोपों से धूमिल हो गई है। यह मामला अदालत से परे राजनीतिक महत्व रखता है और गठबंधन के अस्तित्व को खतरे में डालता है।
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