
इंग्लैंड का दबदबा और घाना का अंतिम क्षण का जादू: ग्रुप एल में विश्व कप 2026 की धमाकेदार शुरुआत
हैरी केन ने रिकॉर्ड की बराबरी की और घाना ने अतिरिक्त समय में गोल कर पनामा को हराया, जबकि क्रोएशिया को मिली करारी हार।
फीफा विश्व कप 2026 के ग्रुप एल का आगाज दो नाटकीय मुकाबलों के साथ हुआ, जिन्होंने टूर्नामेंट के शुरुआती दिनों में ही रोमांच की सारी हदें पार कर दीं। डलास के एटीएंडटी स्टेडियम में इंग्लैंड ने क्रोएशिया को 4-2 से हराकर न केवल तीन अंक हासिल किए, बल्कि अपनी दावेदारी भी पुख्ता कर दी। कप्तान हैरी केन ने दो गोल दागे—एक विवादास्पद पेनल्टी जिसे दोबारा लेना पड़ा और एक शानदार हेडर—और गैरी लाइनकर के 10 विश्व कप गोल के इंग्लिश रिकॉर्ड की बराबरी कर ली। जूड बेलिंगहम ने दूसरे हाफ की शुरुआत में ही तीसरा गोल कर टीम को निर्णायक बढ़त दिलाई, जबकि मार्कस रैशफोर्ड ने अंतिम क्षणों में चौथा गोल ठोककर स्कोर को विशाल बना दिया। क्रोएशिया ने मार्टिन बटुरिना और पेटार मूसा के जरिए दो बार बराबरी हासिल की, लेकिन थॉमस टूशेल के हाफ-टाइम में दिए गए सख्त संदेश—'अगर हारना है तो अपने अंदाज में हारो'—ने इंग्लिश टीम की मानसिकता बदल दी। यूरोपीय मीडिया ने केन की परिपक्वता और टूशेल की रणनीतिक समझ की जमकर तारीफ की, हालांकि इंग्लैंड की रक्षापंक्ति की कमजोरियों पर भी सवाल उठे।
दूसरी ओर टोरंटो के बीएमओ फील्ड में घाना ने पनामा को 1-0 से हराकर अफ्रीकी टीमों की सकारात्मक शुरुआत को आगे बढ़ाया। मैच बेहद संघर्षपूर्ण रहा और लग रहा था कि यह गोलरहित ड्रॉ में समाप्त होगा, लेकिन 90+5वें मिनट में कालेब यिरेनकी ने तेज पलटवार पर गोल कर घाना को नाटकीय जीत दिला दी। पनामा ने पहले हाफ में दबदबा बनाया और गोलकीपर लॉरेंस अति जिगी को चोट के कारण हाफ-टाइम पर बाहर जाना पड़ा, फिर भी घाना ने हार नहीं मानी। कोच कार्लोस क्वेरोज ने कहा कि टीम ने 'दिमाग से खेल जीता', जबकि पनामा के कोच थॉमस क्रिस्टियनसन और कप्तान योएल बार्सेनास ने निराशा जाहिर करते हुए कहा कि टीम कम से कम एक अंक की हकदार थी। अफ्रीकी मीडिया ने इसे महाद्वीप की बढ़ती ताकत का सबूत बताया—आइवरी कोस्ट की जीत और केप वर्डे, मोरक्को, मिस्र व कांगो के ड्रॉ के बाद घाना की यह जीत अफ्रीका के लिए दूसरी जीत बनी। लैटिन अमेरिकी मीडिया ने पनामा के दुर्भाग्य को रेखांकित किया, जो अब भी विश्व कप में अपने पहले अंक की तलाश में है।
इन नतीजों के बाद ग्रुप एल की तस्वीर साफ हो गई है: इंग्लैंड और घाना तीन-तीन अंकों के साथ शीर्ष पर हैं, जबकि क्रोएशिया और पनामा बिना अंक के निचले पायदान पर हैं। इंग्लैंड का गोल अंतर बेहतर है, लेकिन घाना ने दिखा दिया कि वह केवल सहभागी नहीं है। अगले दौर में इंग्लैंड का सामना बोस्टन में घाना से होगा, जिसे क्वेरोज ने 'कष्ट सहने और बलिदान देने' की चुनौती बताया है, जबकि एंटोनी सेमेन्यो ने संयम बरतने की अपील की। क्रोएशिया और पनामा टोरंटो में भिड़ेंगे, जहां दोनों को जीवित रहने के लिए जीत की सख्त जरूरत होगी।
व्यापक संदर्भ में देखें तो यह विश्व कप विस्तारित प्रारूप में खेला जा रहा है, जिससे छोटी टीमों को मौका मिल रहा है, लेकिन पारंपरिक ताकतें अभी भी हावी हैं। भारतीय दर्शकों के लिए यह ग्रुप खास दिलचस्पी का है, क्योंकि इंग्लैंड और अफ्रीकी फुटबॉल दोनों के प्रशंसक बड़ी संख्या में हैं। आने वाले मुकाबले बताएंगे कि क्या इंग्लैंड अपनी आक्रामकता को लगातार बरकरार रख पाएगा, और क्या घाना जैसी टीमें अफ्रीका के लिए नया इतिहास रच सकती हैं। फिलहाल, ग्रुप एल ने विश्व कप को एक यादगार शुरुआत दे दी है।
वही कहानी कहीं और कैसे बताई जाती है।
2 संपादकीय समूह · 3 भाषाएँ
इंग्लैंड ने 2018 के सेमीफाइनल की हार का बदला हैरी केन के दो गोलों की बदौलत क्रोएशिया पर 4-2 की रोमांचक जीत के साथ लिया। थ्री लायंस ने अपने विश्व कप प्रतिद्वंद्वियों को शुरुआती चेतावनी भेज दी, और केन ने गैरी लाइनकर के इंग्लैंड के लिए विश्व कप गोल रिकॉर्ड की बराबरी की।
इंग्लैंड की क्रोएशिया पर 4-2 की जीत व्यक्तिगत प्रतिभा और रक्षात्मक चिंता की कहानी थी। हैरी केन और जूड बेलिंगहम ने ध्यान आकर्षित किया, लेकिन एज़री कोंसा के रक्षापंक्ति में संघर्ष ने आगामी चुनौतियों के लिए टीम की मजबूती पर सवाल खड़े कर दिए।
संबंधित लेख
ईरान के सर्वोच्च नेता ने अमेरिका समझौते को मंजूरी दी, ट्रंप को बताया 'हताश'
6 भाषाएँ · 25 स्रोत
अपराध एवं आपदाब्रिटेन के चिड़ियाघर में तीन साल के बच्चे को मगरमच्छ के बाड़े में फेंकने का आरोप, 30 वर्षीय व्यक्ति गिरफ्तार
6 भाषाएँ · 21 स्रोत
राजनीतिअमेरिका ने ईरान की नौसैनिक नाकाबंदी हटाई, हॉरमुज़ जलडमरूमध्य से तेल प्रवाह बहाल
5 भाषाएँ · 22 स्रोत