
कमजोर अमेरिकी रोजगार आंकड़ों से सोने में जबरदस्त तेजी, डॉलर धड़ाम
अमेरिकी अर्थव्यवस्था में जून के दौरान महज 57,000 नई नौकरियां जुड़ने से फेड की दर वृद्धि की उम्मीदें घटीं, डॉलर कमजोर हुआ और सोना मई के बाद से अपनी सर्वश्रेष्ठ साप्ताहिक वृद्धि पर पहुंच गया।
हफ्ते की शुरुआत कमजोर रहने के बाद शुक्रवार को सोने की कीमतों में जोरदार उछाल आया। अमेरिकी श्रम बाजार के कमजोर आंकड़ों ने बाजार की दिशा बदल दी। शुक्रवार को हाजिर सोना 1.3% बढ़कर 4,174 डॉलर प्रति औंस पर पहुंच गया, और पूरे सप्ताह में इसमें 2% से अधिक की वृद्धि दर्ज की गई, जो मई के अंत के बाद का सर्वश्रेष्ठ प्रदर्शन है।
दरअसल, जून में अमेरिकी अर्थव्यवस्था में केवल 57,000 गैर-कृषि नौकरियां जुड़ीं, जो बाजार के 1,10,000 के अनुमान से काफी कम थीं। इससे निवेशकों को लगा कि फेडरल रिजर्व सितंबर में ब्याज दरें बढ़ाने से बच सकता है। सीएमई फेडवॉच के अनुसार, सितंबर में दर वृद्धि की संभावना 66% से घटकर 54% रह गई। नतीजतन, डॉलर इंडेक्स अप्रैल के बाद की सबसे बड़ी साप्ताहिक गिरावट दर्ज कर गया, जिससे सोना विदेशी खरीदारों के लिए सस्ता हो गया। हालांकि, जेपी मॉर्गन ने अपना सोने का पूर्वानुमान घटाकर 2025 की तीसरी तिमाही के लिए 4,300 डॉलर और चौथी तिमाही के लिए 4,500 डॉलर कर दिया, लेकिन लंबी अवधि में कीमतों के प्रति सकारात्मक रुख बनाए रखा।
वैश्विक शेयर बाजारों में भी हलचल देखी गई। अमेरिकी टेक्नोलॉजी शेयरों में मुनाफावसूली के बाद यूरोपीय बाजारों ने रिकॉर्ड ऊंचाई छू ली, जबकि एशियाई बाजारों ने जोरदार वापसी की। दक्षिण कोरिया का कोस्पी 5% से अधिक उछला और जापान का निक्केई 1.5% चढ़ा। विशेषज्ञों का मानना है कि टेक शेयरों की यह गिरावट खरीदारी का अवसर हो सकती है, क्योंकि कई कंपनियों की आय वृद्धि मजबूत बनी हुई है। वहीं, ईरान में राष्ट्रीय शोक के कारण सोने की स्थानीय मांग घट गई, जिससे कीमतें नरम पड़ गईं।
केंद्रीय बैंकों की ओर से लगातार सोने की खरीदारी कीमतों को निचले स्तर पर सहारा दे रही है। मई में केंद्रीय बैंकों ने 41 टन सोना अपने भंडार में जोड़ा। भौतिक बाजारों में भारत में ऊंची कीमतों के कारण मांग कम रही, जबकि चीन में थोड़ा सुधार देखा गया। आगे का ध्यान अमेरिकी फेडरल रिजर्व की सितंबर बैठक और आने वाले आर्थिक आंकड़ों पर टिका रहेगा।
| उप-सहारा अफ़्रीकी प्रेस | +0.30 | aligned |
|---|---|---|
| लैटिन अमेरिकी प्रेस | −0.50 | critical |
| ईरानी और संबद्ध प्रेस | +0.30 | aligned |
Global markets celebrate the slowdown in US rate hikes; gold and tech stocks are the darlings of the week.
It universalizes a North American market reaction as a global trend, ignoring regional divergences (e.g., Asia).
It omits stock corrections in China and J.P. Morgan's bearish gold forecast.
The market forces a downgrade of gold forecasts; the tech stock rally is a tactical window, not a trend reversal.
It builds a hierarchy of threats: macro risks (rates, demand) outweigh gold's upward momentum; for tech, it calls for tactical caution.
It ignores the bullish World Gold Council forecast (4100-5000) and the positive Kitco sentiment.
The world acknowledges gold's value; the Iranian market holds steady despite national mourning.
It projects the global gold rally as confirmation of domestic market strength, omitting that international forecasts are divided.
It omits that J.P. Morgan cut its estimates and that the local market was semi-paralyzed by mourning, not just stable.
अपना नज़रिया बढ़ाएँ
अमेरिका सीरिया को आतंकी प्रायोजक सूची से हटाएगा, 45 दिन की कांग्रेस समीक्षा के बाद लागू होगा निर्णय
8 भाषाएँ · 26 स्रोत
Technology सेजिनेवा में वैश्विक AI संवाद: असमान विकास और शासन की चुनौतियाँ
5 भाषाएँ · 14 स्रोत
Science & Health सेसऊदी अरब की इज़राइल को दरकिनार करने की योजना, कनाडा का व्यापारिक रुख और खाड़ी में स्वास्थ्य-तकनीकी विस्तार
3 भाषाएँ · 8 स्रोत