
इराकी प्रधानमंत्री की मध्यस्थता: अमेरिका-ईरान समझौता लागू करने और क्षेत्रीय तनाव घटाने पर जोर
इराक और कतर ने अमेरिका-ईरान समझौते को लागू करने, होर्मुज जलडमरूमध्य में नौवहन की स्वतंत्रता सुनिश्चित करने और बातचीत के ज़रिए क्षेत्रीय तनाव कम करने की अपील की है।
इराक के प्रधानमंत्री अली अल-ज़ैदी ने अमेरिका दौरे के तुरंत बाद कतर की यात्रा की और इस सप्ताह के अंत तक ईरान जाने की योजना है, जिसका केंद्रीय उद्देश्य अमेरिका और ईरान के बीच पहले से मौजूद समझौता ज्ञापन (एमओयू) को लागू करना और क्षेत्रीय तनाव को कम करना है। कतर के अमीर शेख तमीम बिन हमद अल-थानी के साथ दोहा में बैठक के बाद दोनों पक्षों ने एक संयुक्त बयान में बातचीत और कूटनीति के मार्ग पर चलने की आवश्यकता पर बल दिया। कतर के विदेश मंत्रालय के अनुसार, इसी संदर्भ में प्रधानमंत्री शेख मोहम्मद बिन अब्दुलरहमान अल-थानी ने सऊदी अरब, ओमान और जॉर्डन के अपने समकक्षों के साथ टेलीफोन पर बातचीत की और सभी से एमओयू के प्रावधानों के पालन और होर्मुज जलडमरूमध्य में नौवहन की स्वतंत्रता सुनिश्चित करने का आग्रह किया।
इराकी विदेश मंत्रालय के बयान के मुताबिक, अल-ज़ैदी की तेहरान यात्रा के दौरान द्विपक्षीय संबंधों को मज़बूत करने के लिए कई सहमति पत्रों पर हस्ताक्षर होने की उम्मीद है। तेहरान में इराकी राजदूत यासर अल-हज्जाज ने कहा कि यह यात्रा “गहरे द्विपक्षीय संबंधों” और “क्षेत्रीय तनाव कम करने” में सहायक होगी। इराक लंबे समय से वाशिंगटन और तेहरान के बीच संतुलन बनाने का प्रयास कर रहा है। अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रम्प के साथ व्हाइट हाउस में संयुक्त संवाददाता सम्मेलन के दौरान अल-ज़ैदी ने घोषणा की थी कि अमेरिकी सेनाएं 30 सितंबर तक इराक से चली जाएंगी, जिसके बाद ईरान-समर्थित मिलिशिया के पास अपनी कार्रवाइयां जारी रखने का “कोई औचित्य नहीं” रह जाएगा।
क्षेत्रीय कूटनीति के इस दौर में कतर भी सक्रिय मध्यस्थ की भूमिका निभा रहा है। कतर के विदेश मंत्रालय के बयानों के अनुसार, जॉर्डन के विदेश मंत्री के साथ बातचीत में शेख मोहम्मद बिन अब्दुलरहमान ने “ईरान की उन रक्षात्मक कार्रवाइयों की निंदा की जिनमें अमेरिकी हमलों के लिए इस्तेमाल किए गए ठिकानों को निशाना बनाया गया।” इस बीच, इराक के स्वायत्त कुर्दिस्तान क्षेत्र में ईरान पर आरोपित हमले भी जारी हैं, जहां अमेरिकी सैनिक और विदेशी तेल कंपनियां मौजूद हैं। ये घटनाक्रम एक ऐसे संवेदनशील माहौल की ओर इशारा करते हैं जिसमें इराक और कतर तनाव घटाने का प्रयास कर रहे हैं।
सभी पक्षों के बयानों में होर्मुज जलडमरूमध्य की नौवहन स्वतंत्रता एक साझा प्राथमिकता के रूप में उभरती है, जो वैश्विक तेल परिवहन के लिए अहम है। इराकी और कतरी अधिकारियों के अनुसार, अमेरिका-ईरान एमओयू का क्रियान्वयन इस लक्ष्य को हासिल करने का मुख्य मार्ग है। यह समझौता पहले ही हो चुका है लेकिन इसके प्रावधानों पर अमल को लेकर लगातार ज़ोर दिया जा रहा है। कतर की ओर से यह स्पष्ट संदेश दिया गया है कि वह सभी पक्षों को बातचीत की मेज़ पर लाने और एक व्यापक समझौते तक पहुंचाने के प्रयासों का समर्थन करता है।
अल-ज़ैदी की तेहरान यात्रा इस सप्ताह के अंत में प्रस्तावित है, जिसके बाद इस कूटनीतिक पहल के ठोस नतीजों का आकलन किया जा सकेगा। फ़िलहाल, क्षेत्रीय राजधानियों में इस बात पर नज़र है कि क्या इराक और कतर की मध्यस्थता अमेरिका और ईरान के बीच तनाव को स्थायी रूप से कम कर पाएगी।
| दक्षिण-पूर्व एशियाई प्रेस | −0.20 | neutral |
|---|---|---|
| ईरानी और संबद्ध प्रेस | +0.40 | aligned |
| अरब खाड़ी प्रेस | 0.00 | neutral |
Iraq walks a tightrope between Washington and Tehran, cursed by geography and great-power rivalry.
By relentlessly framing every Iraqi move as a response to US-Iran pressure, the bloc erases Iraq's agency and makes the proxy narrative self-fulfilling.
The bloc omits the Qatari mediation and the emphasis on implementing the US-Iran memorandum, which would complicate the proxy-conflict frame.
Iran's steadfast diplomacy and Iraq's mediating role pave the way for regional stability.
By highlighting agreements and diplomatic language while downplaying tensions, the bloc constructs a cooperative reality where all parties want peace.
The bloc omits the context of Iraqi PM's recent meeting with Trump and the US pressure, which would reveal that Iraq's balancing act is more precarious.
Baghdad calibrates its visits to keep both superpowers on board, a safe but delicate game.
By presenting the visits as mere balancing acts, the bloc normalizes a transactional view of Iraqi foreign policy.
The bloc omits the details of the Qatar talks and the specific agreements being prepared, which would show a more proactive Iraqi diplomacy.
अपना नज़रिया बढ़ाएँ
होर्मुज जलडमरूमध्य में तनाव से तेल 90 डॉलर के पार, वैश्विक आपूर्ति पर संकट
8 भाषाएँ · 21 स्रोत
Technology सेओपनएआई के एआई मॉडलों ने सुरक्षा परीक्षण के दौरान खुद हैकिंग की, चीनी मॉडल से हुआ बचाव
9 भाषाएँ · 61 स्रोत
Science & Health सेअमेरिका में साइक्लोस्पोरा संक्रमण के 12,000 से अधिक मामले, जांच और राजनीतिक विवाद जारी
4 भाषाएँ · 15 स्रोत