
नॉर्वे की 'वाइकिंग रो' और स्कॉटलैंड की टार्टन आर्मी: विश्व कप में छाई प्रशंसक संस्कृतियां
नॉर्वे के 28 साल बाद विश्व कप में लौटने पर उसकी 'वाइकिंग रो' ने दुनिया भर का ध्यान खींचा, वहीं स्कॉटिश प्रशंसकों ने पारंपरिक किल्ट और बैगपाइप के साथ मियामी तक अपनी धूम मचाई।
न्यू जर्सी के मेटलाइफ स्टेडियम में सेनेगल को 3-2 से हराने के बाद नॉर्वे की टीम ने जब मैदान पर बैठकर नाव चलाने का अभिनय किया, तो वह दृश्य इस विश्व कप की सबसे चर्चित तस्वीरों में शुमार हो गया। कप्तान मार्टिन ओडेगार्ड ने ढोल की थाप पर 'रो' (नॉर्वेजियन में 'चलाओ') का नारा गूंजाया और हजारों प्रशंसकों ने कंधे से कंधा मिलाकर वाइकिंग जहाज की रेमिंग की नकल की। यह 'वाइकिंग रो' पहली बार मार्च में स्विट्जरलैंड के खिलाफ एक मैत्री मुकाबले के दौरान उभरी थी, जिसे प्राथमिक विद्यालय के शिक्षक ओले फ्रोयस्टाड ने रोसेनबोर्ग क्लब के पुराने नारों से प्रेरित होकर गढ़ा। न्यूयॉर्क के टाइम्स स्क्वायर में सामूहिक रोइंग के बाद यह आंदोलन सोशल मीडिया पर वायरल हो गया और ओस्लो में संसद अध्यक्ष मसूद घराहखानी तक ने इसे दोहराया।
दूसरी ओर, स्कॉटलैंड की 'टार्टन आर्मी' ने बोस्टन और मियामी की सड़कों को पारंपरिक किल्ट, बैगपाइप और धुनों से रंग दिया। टीम ग्रुप सी में तीसरे स्थान पर रही और अब सर्वश्रेष्ठ तीसरे स्थान वाली टीम के रूप में अगले दौर में पहुंचने के लिए अन्य परिणामों पर निर्भर है। एक प्रशंसक ने कहा, "हम जानते हैं कि हम कुछ नहीं जीतेंगे, हम इतने अच्छे नहीं हैं, लेकिन हमें यहां रहना पसंद है।" स्कॉटिश समर्थकों ने रोड्रिगो के प्रसिद्ध गीत 'ला मानो दे दियोस' की धुन को अपने नारों में ढाला और डिएगो माराडोना के 1986 वाले हैंड ऑफ गॉड गोल को 'खूबसूरत पल' बताया। साथ ही उन्होंने लियोनेल मेसी के स्कॉटलैंड में जन्म न लेने पर मज़ाकिया अफसोस जताया।
स्वीडन के खिलाड़ियों ने इस नॉर्वेजियन उत्सव पर मिली-जुली प्रतिक्रिया दी। डिफेंडर गुस्ताफ लागरबील्के ने कहा, "हम बस आह भरते हैं जब इसे देखते हैं, लेकिन शायद हम उन टीवी क्रू पर ज्यादा आह भर रहे हैं जो हर बार इस पर ज़ूम करते हैं।" मिडफील्डर इलियट स्ट्राउड ने इसे 'कुछ ज़्यादा ही दिखाया जाने वाला' बताया। इस बीच, कांगो लोकतांत्रिक गणराज्य के प्रशंसक मिशेल न्कुका म्बोलाडिंगा ने एक अलग पहचान बनाई—वह स्वतंत्रता सेनानी पैट्रिस लुमुम्बा की जीवित प्रतिमा बनकर मैचों के दौरान पूरी तरह स्थिर खड़े रहते हैं। स्विस प्रशंसकों की गाय की घंटियां भी माहौल में शामिल रहीं, जबकि दक्षिण अफ्रीका की वुवुज़ेला पर 2010 के बाद से स्टेडियमों में प्रतिबंध जारी रहा।
मैनचेस्टर मेट्रोपॉलिटन यूनिवर्सिटी के खेल व्यवसाय विशेषज्ञ पॉल विडॉप के अनुसार, "ये सरल, दोहराए जाने योग्य सांस्कृतिक अभिव्यक्तियां हैं जो सीमाओं के पार पहचानी जा सकती हैं।" नॉर्वे की टीम ने ग्रुप चरण के अपने अंतिम मैच में फ्रांस का सामना करने से पहले ही अंतिम 32 में जगह पक्की कर ली, जबकि स्कॉटलैंड को दूसरे ग्रुपों के नतीजों का इंतजार है। इन प्रशंसक परंपराओं ने मैदान के बाहर एक ऐसा सांस्कृतिक आयाम गढ़ा जो खेल के नतीजों से परे इस विश्व कप की पहचान बन गया।
| लैटिन अमेरिकी प्रेस | +0.20 | neutral |
|---|---|---|
| अटलांटिक / अंग्रेज़ी-भाषी प्रेस | +0.30 | aligned |
| उप-सहारा अफ़्रीकी प्रेस | +0.50 | aligned |
The South American fan cheers for their own teams and relegates other fan stories to mere curiosity.
By emphasizing the successes of South American national teams as representations of national pride, it makes the irrelevance of other football cultures plausible.
There is no reference to Norwegian and Scottish fans, who are the protagonists of the original story.
The global sports observer focuses on matches and results, considering fan stories as accessory.
A statistical and competitive language normalizes the idea that the World Cup is only about wins and losses, making fan participation secondary.
No voice is given to Norwegian and Scottish fans, nor is their cultural impact on the event mentioned.
The African fan cheers for surprises and sees the World Cup as a stage for the underdog's revenge.
Stories of teams exceeding expectations are emphasized, creating a redemption framework that excludes established football cultures like Norwegian and Scottish.
No mention of European fan participation, nor recognition of their influence on the tournament atmosphere.
अपना नज़रिया बढ़ाएँ
तेहरान में खामेनेई की अंतिम यात्रा शुरू, लाखों की भीड़; नए सर्वोच्च नेता की गैरमौजूदगी बनी सवाल
9 भाषाएँ · 25 स्रोत
Economy & Markets सेअमेरिकी हमलों के बाद ट्रंप ने युद्धविराम को 'खत्म' बताया, कच्चा तेल 5% उछलकर 80 डॉलर के पार
5 भाषाएँ · 15 स्रोत
Technology सेAI कौशल से वेतन में 92% तक की बढ़ोतरी, पर दिमागी क्षमता पर असर की चिंता
3 भाषाएँ · 4 स्रोत