
250 साल के स्वतंत्रता दिवस पर ट्रंप का सैन्य-आर्थिक वर्चस्व का दावा, साम्यवाद पर हमला
राष्ट्रपति ने माउंट रशमोर से राष्ट्रीय पहचान की रक्षा, विदेश नीतियों में आक्रामकता और आगामी चुनावों के लिए राजनीतिक संदेश दिया।
अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने 250वें स्वतंत्रता दिवस के अवसर पर दक्षिण डकोटा के माउंट रशमोर स्मारक पर दिए गए भाषण और सोशल मीडिया संदेशों में देश की सैन्य-आर्थिक श्रेष्ठता और ऐतिहासिक विरासत पर ज़ोर दिया। व्हाइट हाउस द्वारा जारी वक्तव्य के अनुसार, ट्रंप ने कहा कि “अमेरिका पृथ्वी का सबसे पुराना गणतंत्र” है और उसकी अर्थव्यवस्था “सबसे बड़ी व गतिशील” है। इसी दौरान वाशिंगटन डी.सी. में “अटूट प्रेम” प्रदर्शित करती भीड़ जुटी, हालांकि रिकॉर्ड गर्मी के कारण कुछ बाहरी कार्यक्रम रद्द कर दिए गए। अर्जेंटीना की समाचार एजेंसी नोटिसियास अर्जेंटीना ने बताया कि ट्रंप ने हवाई करतबों को “अभूतपूर्व” बताया और सैन्य पायलटों की सराहना की।
व्हाइट हाउस और अंतरराष्ट्रीय मीडिया के अनुसार, ट्रंप ने आर्थिक मोर्चे पर 19.2 ट्रिलियन डॉलर के विदेशी निवेश के आने का दावा किया और इसे अपनी टैरिफ नीति तथा चुनावी जीत से जोड़ा। उन्होंने ज़ोर देकर कहा कि “पूरे अमेरिका में कारखाने अभूतपूर्व गति से बन रहे हैं।” सैन्य क्षमता पर राष्ट्रपति ने बताया कि “हमने इतिहास की सबसे शक्तिशाली सेना तैयार की है” और ईरान तथा वेनेज़ुएला को कुछ ही दिनों में पराजित कर दिया। इटली की एजेंसी एजीआई और लैटिन अमेरिकी समाचारपत्रों ने इस बयान को प्रशासन की ओर से राष्ट्रीय गौरव की अपील के रूप में देखा; मैक्सिको के ला रासोन ने कहा कि यह संदेश मध्यावधि चुनावों से पहले रिपब्लिकन मतदाताओं को लामबंद करने की रणनीति का हिस्सा हो सकता है।
राष्ट्रपति के भाषण का वैचारिक पक्ष भी तीखा रहा। ट्रंप ने साम्यवाद को “पूरी तरह विफल” और “हज़ारों सालों से मौत-विनाश का कारक” बताया। एशियाई और यूरोपीय विश्लेषकों के अनुसार, यह हमला अमेरिकी घरेलू राजनीति में प्रगतिवादी आंदोलनों और चीन जैसे बाहरी प्रतिस्पर्धियों दोनों को निशाना बनाता है। ट्रंप ने दूसरे संशोधन (बंदूक रखने का अधिकार) की रक्षा का वादा किया और कहा कि “यह देश कोई सामान्य राष्ट्र नहीं, बल्कि अपवाद है।” कोलंबिया के एल नुएवो सिग्लो और अर्जेंटीना के लॉस एंडिस अखबारों ने इस बयान को अमेरिकी पहचान की राजनीति के केंद्र में रखा।
आगामी कार्यक्रमों में शाम को वाशिंगटन डी.सी. में एक लंबी परेड और राष्ट्रपति का दूसरा भाषण शामिल है। दक्षिण एशियाई कूटनीतिक सूत्रों का मानना है कि यह शक्ति प्रदर्शन मुख्यतः चीन और ईरान को संकेत देने के लिए है, जबकि घरेलू स्तर पर ट्रंप अपने “अमेरिकी स्वर्ण युग” के नारे को मज़बूत करना चाहते हैं। मध्यावधि चुनाव निकट होने के कारण इन समारोहों का राजनीतिक रंग गहरा होता दिख रहा है।
| लैटिन अमेरिकी प्रेस | +0.20 | neutral |
|---|---|---|
| महाद्वीपीय यूरोपीय प्रेस | +0.10 | neutral |
President Trump underscores US strength in his 250th anniversary speech, and we take note of his emphasis on the economy and military.
The bloc confines itself to describing facts and statements without judgment, giving Trump's claims the status of objective information.
President Trump declares that America is the most powerful and successful nation, and continental Europe reports these words without interpretation.
The bloc reproduces Trump's speech in full, using direct quotation as the sole coverage tool, which neutralizes any potential criticism.
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