
कांगो में इबोला का चौथे प्रांत में विस्तार, फ्रांस में पहला मामला; बुंदिबुग्यो स्ट्रेन पर नियंत्रण की चुनौती
1,274 पुष्ट मामलों और 360 मौतों के साथ यह प्रकोप अब हौट-उएले प्रांत और यूरोप तक फैल चुका है, जबकि इस स्ट्रेन के लिए कोई टीका या उपचार उपलब्ध नहीं है।
कांगो लोकतांत्रिक गणराज्य (डीआरसी) में बुंदिबुग्यो इबोला वायरस का प्रकोप एक नए प्रांत हौट-उएले तक पहुँच गया है, और फ्रांस में एक चिकित्सक के संक्रमित पाए जाने के साथ यह महामारी अब महाद्वीपीय सीमाओं को पार कर चुकी है। रविवार देर रात जारी आँकड़ों के अनुसार कुल 1,274 मामलों की पुष्टि हुई है और 360 लोगों की मौत हो चुकी है। इटूरी प्रांत में 95 प्रतिशत से अधिक मामले केंद्रित हैं, जबकि उत्तरी कीवू, दक्षिणी कीवू और अब हौट-उएले भी प्रभावित हैं। पड़ोसी युगांडा में 20 मामले और दो मौतें दर्ज की गई हैं। फ्रांस में संक्रमित चिकित्सक हाल ही में डीआरसी के प्रभावित क्षेत्र से लौटा था; उसके संपर्क में आए लोगों को 21 दिन के पृथकवास में रखा गया है।
यह प्रकोप बुंदिबुग्यो प्रजाति के वायरस से फैला है, जिसकी पहचान 2007 में युगांडा में हुई थी और अब तक केवल दो छोटे प्रकोपों में ही देखा गया। इस स्ट्रेन के लिए कोई लाइसेंस प्राप्त टीका या विशिष्ट एंटीवायरल उपचार मौजूद नहीं है। संक्रमण मुख्यतः अंतिम संस्कार की रस्मों के दौरान शव के सीधे संपर्क से फैलता है, जहाँ परिवार शरीर को छूते और चूमते हैं। विश्व स्वास्थ्य संगठन (डब्ल्यूएचओ) के अनुसार अब तक 75 स्वास्थ्यकर्मी संक्रमित हो चुके हैं, जिनमें से 17 की मृत्यु हुई है। पूर्वी डीआरसी में एम23 और एडीएफ जैसे सशस्त्र समूहों की सक्रियता ने रोकथाम अभियान को जटिल बना दिया है। वैज्ञानिक और मानवीय संगठन मानते हैं कि आधिकारिक आँकड़े वास्तविक स्थिति से कम हो सकते हैं, क्योंकि जनवरी से ही संदिग्ध मौतों की खबरें थीं, लेकिन प्रकोप की घोषणा 15 मई को ही हुई।
डीआरसी सरकार ने राजधानी किंशासा और तीन अन्य प्रांतों—शोपो, हौट-उएले और बास-उएले—में सार्वजनिक जमावड़ों पर प्रतिबंध लगा दिया है। विपक्षी दलों ने इसे 8 जुलाई को प्रस्तावित विरोध मार्च को रोकने का राजनीतिक कदम बताया है, जबकि सरकार का कहना है कि किंशासा में अभी तक कोई मामला नहीं है। डब्ल्यूएचओ ने अंतरराष्ट्रीय चेतावनी जारी करते हुए स्वीकार किया है कि वह “वायरस से पीछे” चल रहा है। अफ्रीका रोग नियंत्रण एवं रोकथाम केंद्र (अफ्रीका सीडीसी) के प्रमुख ने बीबीसी को बताया कि नई एंटीवायरल दवाओं के क्लिनिकल परीक्षण इसी सप्ताह शुरू हो सकते हैं। इटूरी में स्थानीय मिशनरी मैनुअल फर्नांडीज गार्सिया के अनुसार, शुरू में लोगों ने महामारी पर विश्वास नहीं किया, लेकिन अब सतर्कता बढ़ी है, हालाँकि जीवन सामान्य रूप से चल रहा है।
उपचार केंद्रों पर मरीजों की संख्या क्षमता से अधिक हो चुकी है और क्लोरीन व सुरक्षा किट जैसी बुनियादी आपूर्ति का अभाव बना हुआ है। अब तक 148 लोग स्वस्थ हो चुके हैं, जो एक सप्ताह में लगभग दोगुनी संख्या है, और चिकित्सक इस स्ट्रेन के व्यवहार को समझने में जुटे हैं। अगला ठोस पड़ाव अफ्रीका सीडीसी द्वारा घोषित एंटीवायरल दवाओं के परीक्षणों की शुरुआत और फ्रांस व डीआरसी में संपर्क में आए लोगों की 21-दिवसीय निगरानी की समाप्ति होगी।
| चीनी प्रेस | +0.30 | aligned |
|---|---|---|
| रूसी और सीआईएस प्रेस | −0.40 | critical |
| महाद्वीपीय यूरोपीय प्रेस | −0.20 | neutral |
| अटलांटिक / अंग्रेज़ी-भाषी प्रेस | −0.50 | critical |
The Ebola outbreak is under control thanks to international efforts and China's readiness. Beijing sees no reason for panic, but rather an opportunity to show solidarity and expertise.
The severity is downplayed by turning the event into a routine health matter where China acts as a solution provider, not a victim.
The Ebola virus is advancing towards Russia, while the West is not doing enough to stop it. Moscow must protect itself alone.
A hierarchy of threats is built where Ebola is an imminent danger to Russia, and blame is placed on Western inaction.
Ebola is now a European reality: a coordinated and immediate response is needed to protect citizens. The EU must act united.
The threat is universalized into a common European problem, pushing for a collective and institutional response.
The global health system has failed: Ebola reached Europe due to negligence and lack of preparedness. Governments must answer for their shortcomings.
Crisis management is judged as inadequate, turning the event into an indictment of health and political authorities.
अपना नज़रिया बढ़ाएँ
मिलेई के अपमानजनक बयानों से ब्राज़ील-अर्जेंटीना संबंधों में अभूतपूर्व राजनयिक संकट
7 भाषाएँ · 31 स्रोत
Economy & Markets सेचीनी चिप निर्माता CXMT का शेयर पहले दिन 470% उछला, बाजार पूंजीकरण 3.3 ट्रिलियन युआन के पार
10 भाषाएँ · 20 स्रोत
Technology सेचीन की बहुआयामी AI कूटनीति: 5,000 प्रशिक्षण कार्यक्रम और नए सहयोग केंद्र
3 भाषाएँ · 4 स्रोत